UP News: Aligarh के सुनाना गांव में दलित समाज की बारात के दौरान कथित पथराव और मारपीट का मामला सामने आया है। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद मामला तूल पकड़ गया। पुलिस जांच में सामने आया है कि विवाद की शुरुआत डीजे पर बजाए गए एक कथित जातिसूचक गाने से हुई थी।
डीजे पर मोबाइल लगाकर बजाया गया जातिसूचक गाना
पुलिस के अनुसार, बारात गुजर रही थी तभी कुछ अज्ञात लोग वहां पहुंचे और डीजे की लीड छीनकर अपने मोबाइल से गाना चला दिया। आरोप है कि गाना जातिगत उत्तेजना फैलाने वाला था।
स्थानीय लोगों ने इसका विरोध किया, जिसके बाद दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और मारपीट की स्थिति बन गई।
डीजे संचालक किशन पाल बघेल ने भी अज्ञात आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कराया है। उनका कहना है कि मना करने पर उनके साथ गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी गई।
तीन अलग-अलग एफआईआर दर्ज
इस मामले में अब तक तीन एफआईआर दर्ज की जा चुकी हैं:
- दलित परिवार की ओर से – बारात रोकने, मारपीट और तोड़फोड़ का आरोप; एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज।
- डीजे संचालक की ओर से – अज्ञात लोगों द्वारा जबरन गाना बजाने और धमकी देने का आरोप।
- रिंकु शर्मा की ओर से – विरोध करने पर मारपीट और घरों में तोड़फोड़ का आरोप।
पुलिस का बयान
Mrigaank Shekhar Pathak (पुलिस अधीक्षक नगर) ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। बारात को सुरक्षित उसके गंतव्य तक पहुंचाया गया।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि एक व्यक्ति ने मोबाइल से डीजे पर जातिगत उत्तेजना फैलाने के उद्देश्य से गाना चलाया था, जिसके बाद विवाद हुआ।
पुलिस का कहना है कि दोषियों की पहचान कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
गांव में शांति, पुलिस तैनात
फिलहाल गांव में स्थिति सामान्य बताई जा रही है, लेकिन एहतियात के तौर पर पुलिस बल तैनात है। वायरल वीडियो और अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांच जारी है।
मामले को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी शुरू हो गई है और विभिन्न संगठनों ने कड़ी कार्रवाई की मांग की है।




