कानपुर के बिठूर क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। रामा आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज में बीएएमएस (तृतीय वर्ष) के छात्र शैलेंद्र कुमार गुप्ता (27) ने हॉस्टल के कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मूल रूप से चित्रकूट के कर्वी थाना क्षेत्र के गांव बछरन निवासी शैलेंद्र का शव शनिवार सुबह मंधना के एक निजी हॉस्टल में लटका मिला।
परीक्षा में बैक लगने से था मानसिक तनाव
पुलिस और परिजनों के अनुसार, शैलेंद्र की सेमेस्टर परीक्षा में तीन विषयों – अगदतंत्र, रस शास्त्र और रोग निदान एवं विकृति विज्ञान में बैक लग गई थी। इसी तनाव के चलते उसने यह कदम उठाया। साथी छात्रों ने भी बताया कि नवंबर में रिजल्ट आने के बाद से वह काफी परेशान और चुप-चुप सा रहने लगा था। वह किसी से ज्यादा बातचीत नहीं करता था।
भाई का छलकता दर्द, रो-रोकर बुरा हाल
पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे बड़े भाई लालेंद्र गुप्ता का दर्द देखकर हर किसी की आंखें नम हो गईं। उन्होंने कहा, “मां की मौत के बाद मैंने तुम्हें अपने बच्चे की तरह पाला-पोसा। तुम्हें डॉक्टर बनते देखने का सपना था। कानपुर भेजा था पढ़ाई के लिए, लेकिन आज तुम्हारी अर्थी लेकर जा रहा हूं। अगले साल तुम्हारी डिग्री पूरी होने वाली थी, नौकरी लगने वाली थी, फिर अचानक ऐसा क्या हो गया कि तुमने यह कदम उठा लिया? पापा को अब क्या मुंह दिखाऊंगा?”
परिवार की स्थिति दिल दहला देने वाली
शैलेंद्र के पिता ब्रजकिशोर गुप्ता रिटायर्ड शिक्षक हैं। 18 साल पहले पत्नी गीता देवी की मौत हो चुकी है। तीन बेटों में शैलेंद्र मझले थे। बड़े भाई लालेंद्र और छोटे योगेंद्र हैं। पिता ने बताया कि पिछले साल भी शैलेंद्र बिना बताए हॉस्टल छोड़कर चला गया था और चार महीने बाद दिल्ली में मिला था। उस घटना की वजह से पूरा सेमेस्टर बैक हो गया था, लेकिन परिवार ने समझा-बुझाकर दोबारा कॉलेज भेजा। इस बार वह पास भी हो गया था, लेकिन इस सेमेस्टर में फिर बैक लगने से टूट गया।
सुसाइड से पहले की आखिरी बातें
शुक्रवार शाम शैलेंद्र ने हॉस्टल में ही रहने वाले एक व्यक्ति के फोन से पिता से बात की और मोबाइल रिचार्ज करवाया। साथ ही खर्चे के लिए पैसे मंगवाने को कहा। पिता ने शनिवार को पैसे ट्रांसफर करने का वादा किया था। शनिवार सुबह करीब 10 बजे हॉस्टल की छत पर टहलते भी देखा गया था। लेकिन आधे घंटे बाद ही कमरे का दरवाजा खुला मिला और शव फंदे पर लटका था।
परिजनों ने जताया संदेह, जांच की मांग
मृतक के भांजे संदीप गुप्ता ने आत्महत्या पर संदेह जताया है। उन्होंने कहा कि सुबह 11 बजे तक शैलेंद्र ने भाई और पिता से फोन पर बात की थी, तब उसकी बातों में कुछ भी नकारात्मक नहीं लगा। कमरा भी खुला हुआ था। जल्द ही तहरीर देकर जांच की मांग करेंगे।
बिठूर थाना प्रभारी प्रेमनारायण विश्वकर्मा ने बताया कि फॉरेंसिक टीम ने मौका मुआयना किया और छात्र का मोबाइल जब्त कर लिया है। कॉल डिटेल्स और अन्य जांच से सटीक कारण सामने आएगा। फिलहाल मामला मानसिक तनाव से आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है।





