उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले में स्थित वृंदावन के चैतन्य विहार कॉलोनी वाले राजकीय बालिका संरक्षण गृह से एक बड़ा मामला सामने आया है। सोमवार रात करीब 10:30 से 11 बजे के बीच यहां रह रही 14 से 17 वर्ष की उम्र वाली पांच किशोरियां अचानक फरार हो गईं। इस घटना से संरक्षण गृह में अफरा-तफरी मच गई और पुलिस-प्रशासन में हड़कंप मच गया।
संरक्षण गृह की अधीक्षिका गायत्री मिश्रा ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज चेक की, जिसमें दिखा कि लड़कियां कंबल ओढ़कर बाहर निकलीं। कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार, उन्होंने चुन्नी या कपड़े से रस्सी बनाकर दो मंजिल से कूदकर भागने की कोशिश की। फरार होने वाली किशोरियों में मथुरा, अलीगढ़ और दिल्ली की निवासी शामिल बताई जा रही हैं।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
एसएसपी श्लोक कुमार खुद टीम के साथ संरक्षण गृह पहुंचे और मौके का जायजा लिया। उन्होंने मामले की गहन जांच के निर्देश दिए। पुलिस की सक्रियता से अच्छी खबर ये है कि दो किशोरियां सुरक्षित रूप से अपने घर पहुंच चुकी हैं। परिजनों से संपर्क कर उन्हें सौंप दिया गया है। बाकी तीन किशोरियों की तलाश अभी जारी है। पुलिस ने विभिन्न थानों में टीमें गठित की हैं, परिजनों से बातचीत कर रही है और आसपास के इलाकों में दबिश दे रही है।
संरक्षण गृह में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
सीसीटीवी और सुरक्षा गार्ड मौजूद होने के बावजूद इतनी बड़ी संख्या में किशोरियों के फरार होने से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। प्रशासन ने स्टाफ की भूमिका और संरक्षण गृह के प्रबंधन की भी जांच शुरू कर दी है। यह मामला बाल संरक्षण और सरकारी आश्रय गृहों की जिम्मेदारी पर भी प्रकाश डाल रहा है।
पुलिस का कहना है कि तीनों फरार किशोरियों को जल्द ही सुरक्षित बरामद कर लिया जाएगा। मामले की जांच चल रही है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।




